Category: Amrutam Daily Lifestyle

  • रोचक रहस्यमयी स्थान, जो हजारों जहाजों को लील गया

    रोचक रहस्यमयी स्थान, जो हजारों जहाजों को लील गया

    यह जगह बरमूडा उत्तर अटलांटिक महासागर में स्थित ब्रिटेन का प्रवासी क्षेत्र है। यह संयुक्त राज्य अमेरिका के पूर्वी तट पर मियामी (फ्लोरिडा) से सिर्फ़ 1770 किलोमीटर और हैलिफैक्स, नोवा स्कोटिया (कनाडा) के दक्षिण में 1350 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यह सबसे पुराना और सबसे अधिक जनसंख्या वाला ब्रिटेन का प्रवासी क्षेत्र है।…

  • दुनिया के एकमात्र वकील जो 41 साल से लड़ रहे संस्कृत भाषा में मुकदमा….

    दुनिया के एकमात्र वकील जो 41 साल से लड़ रहे संस्कृत भाषा में मुकदमा….

    कोर्ट-कचहरी में आपने हिंदी और अंग्रेजी का इस्तेमाल होते हुए खूब देखा होगा। अगर हम कहें कि भारत में इन्हीं दो भाषाओं में सबसे ज्यादा दलीलें पेश की जाती है तो इसमें कोई शक की बात नहीं होगी। लेकिन हिंदी और अंग्रेजी की जगह कोई वकील अगर संस्कृत में ही वकालत करने लगे, तो वाकई…

  • हिरण्यकश्यप थे- स्वर्ण के आविष्कारक

    हिरण्यकश्यप थे- स्वर्ण के आविष्कारक

    हिरण्यकश्यप और स्वर्ण के बारे में ऐसी जानकारी अमृतमपत्रिका पर पहली बार पढ़ेंगे— हिरण्यकश्यप परम शिव उपासक हिरण्ययक्ष के भाई महर्षि कश्यप की संतान थे। श्रीमद्भागवत के अनुसार यह पूर्व जन्म में विष्णुजी के द्वारपाल जय और विजय थे। ये दोनों स्वर्ण वैज्ञानिक होने के कारण पृथ्वीलोक में स्वर्ण की खोज इन्होनें ही की थी। हिरण्य का अर्थ स्वर्ण यानि…

  • बालों का झड़ना रोकने के लिए बालों में क्या लगाएं?

    बालों का झड़ना रोकने के लिए बालों में क्या लगाएं?

    22 जड़ीबूटियों से निर्मित आयुर्वेद की सर्वश्रेष्ठ ओषधि कुन्तल केयर हर्बल स्पा का करें उपयोग कुन्तल केयर शुद्ध अयुर्वेदिक ओषधियों का काढ़ा है। इसे बालों में लगाकर सुखाएं ओर एक घण्टे बाद धोएं। आयुर्वेद के नियमानुसार देह में त्रिदोष के प्रकोपित होने से अनेक त्वचा रोग पनपने लगते हैं। अतः त्रिदोष की चिकित्सा जरूरी है।…

  • डिप्रेशन से बचने का रामबाण इलाज क्या हो सकता है?

    डिप्रेशन से बचने का रामबाण इलाज क्या हो सकता है?

    अवसाद से बर्बाद हो जाता है सब कुछ— डिप्रेशन का सार केवल मस्तिष्क पर नहीं, शरीर के बाकी अंगों पर भी होने लगता है। थकावट बनी रहती है। ददडिप्रेशन से पीड़ित लोग जल्दी आहत हो जाते हैं। हर बात को अपने ऊपर लेने की सोच बन जाती है। शरीर में दर्द, मन दुखी रहना, सिरदर्द, चिड़चिड़ापन,…

  • लोग गाली क्यों बकते हैं?

    लोग गाली क्यों बकते हैं?

    गाली की परिभाषा— किसी ताकतवर आदमी के सताने पर, सम्मान पर चोट पहुंचाने के बाद अत्याधिक गुस्सा, क्रोध आता है। इस क्रोध को शांत करने के लिए शारीरिक रूप दे हिंसा न करते हुए अंदरूनी तरीके से अथवा मौखिक रूप से की गई हिंसात्मक कार्यवाही के लिए चुने गए शब्दों का समूह जिसके उच्चारण के…

  • मप्र के एक ऐसा मन्दिर, जहाँ पानी से दीपक जलता है…

    मप्र के एक ऐसा मन्दिर, जहाँ पानी से दीपक जलता है…

     जिस मन्दिर के बारे में बताने जा रहे है वहाँ पानी जे दीपक जलाये जाते है। भारत में और भारतीय संस्कृति में ऐसी बहुत सी चीज़े हैं जो कि हमें अंधविश्वास की ओर मोड़ देती है । आज भी यहां रहने वाले कई जाति व समुदाय ऐसी परम्पराओं को मानते है जो कि देखा जाए…

  • “योगक्षेमो नः कल्पताम्”… इस वाक्य का क्या अर्थ है?

    “योगक्षेमो नः कल्पताम्”… इस वाक्य का क्या अर्थ है?

    यह ऋचा शुक्ल यजुर्वेद की माध्यन्दिन शाखा के अध्याय २२ की २२ वीं कंडिका से ली गई है: यह वैदिक राष्ट्रगान जिसमें संपूर्ण राष्ट्र और उसके नागरिकों, पशुओं, फसलों आदि के कुशल क्षेम की कामना की गई है। “आ ब्रह्मन् ब्राह्मणों ब्रह्मवर्चसी जायतामराष्ट्रेराजन्य: शूर ईषव्योअति व्याधी महारथो।जायतां दोग्ध्री धेनुर्वाढानाड्वानाशु: सप्ति: पुरंध्रिर्योषा जिष्णु रथेष्ठा सभेयो युवास्या यजमानस्य वीरो जायताम निकामे निकामे न: पर्जन्यो वर्षतु फलवत्यो न औषधय: पचयंताम् योगक्षेमो न: कल्पताम्“। ‘योगक्षेमो कल्पताम् का अर्थ है जो प्राप्त है उसकी रक्षा करने की एवं जो अप्राप्त है उसको प्राप्त करने की क्षमता बनाए रखने की प्रार्थना की गई है’। योग: अप्राप्त की प्राप्ति क्षेम:प्राप्त की रक्षा कल्पताम्: में समर्थ हो। भगवत गीता में भगवान श्री कृष्ण ने कहा है: अनन्याश्चिन्तयन्तो मां ये जना: पर्युपासिते। तेषां नित्याभियुक्तानां योगक्षेमं वहाम्यहम्।०९/२२ अनन्यदर्शी निष्कामी भक्त अपने योगक्षेम की चिंता नहीं करते हैं,वे निरंतर अनन्य भक्ति भाव से मुझको भजते रहते हैं या निष्काम उपासना करते रहते हैं,…

  • नर्मदा नदी के रहस्य, जो लोग कम जानते है

    नर्मदा नदी के रहस्य, जो लोग कम जानते है

    मान्यता है कि नर्मदा नदी के किनारे पूरे 1312 किलोमीटर के पथ पर केवल शिवलिंग के शिवालय ही स्थिर या स्थित रह पाते हैं। शेष देवी-देवताओं के मंदिर, देवालय यदि बना दिये जायें, तो मां नर्मदा अपने अंचल में समेट लेती है। माँ नर्मदा को आदिवासियों द्वारा हर साल चुनरी चढ़ाने की परंपरा प्राचीनकाल से…

  • कुछ ऐसे अनसुलझे रहस्य क्या हैं जो आज भी विज्ञान की समझ से परे हैं?

    कुछ ऐसे अनसुलझे रहस्य क्या हैं जो आज भी विज्ञान की समझ से परे हैं?

    मनुष्य इस दुनिया मे करोड़ो साल पहले से है। जब से वो आया है, आविष्कारो ने उसकी ज़िंदगी आसान, और बहुत आसान बनाई है।आविष्कार ही उसे अन्य जीवो से अलग बनाते है। और इन आविष्कारों का स्रोत होता है, विज्ञान। हम लगभग सभी चीज़ों को सबसे पहले विज्ञान की तराजू मे ही तौलते है और…